सरदार शिकारची: "हमारा प्रतिशोध अमेरिका को क्षेत्र से बाहर निकालना है"
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पार्स टुडे – ईरान के सशस्त्र बलों के वरिष्ठ प्रवक्ता ने यह कहते हुए कि "जनता की राय में प्रतिशोध या प्रतिशोध की माँग के मुद्दे को एक सामरिक और बहुत सतही अभियान तक सीमित नहीं किया जाना चाहिए" कहा: "हमारा प्रतिशोध अमेरिका को क्षेत्र से बाहर निकालना है।"
(last modified 2026-07-23T10:39:27+00:00 )
Jul २३, २०२६ १६:०७ Asia/Kolkata
  • सरदार अबुलफ़ज़ल शिकारची, ईरान के सशस्त्र बलों के वरिष्ठ प्रवक्ता
    सरदार अबुलफ़ज़ल शिकारची, ईरान के सशस्त्र बलों के वरिष्ठ प्रवक्ता

पार्स टुडे – ईरान के सशस्त्र बलों के वरिष्ठ प्रवक्ता ने यह कहते हुए कि "जनता की राय में प्रतिशोध या प्रतिशोध की माँग के मुद्दे को एक सामरिक और बहुत सतही अभियान तक सीमित नहीं किया जाना चाहिए" कहा: "हमारा प्रतिशोध अमेरिका को क्षेत्र से बाहर निकालना है।"

पार्स टुडे के अनुसार ईरान के सशस्त्र बलों के वरिष्ठ प्रवक्ता सरदार 'अबुलफ़ज़ल शेकारची' ने कहा:

"अमेरिका को पश्चिम एशिया से बाहर निकालने के साथ निश्चित रूप से नकली ज़ायोनी शासन भी दुनिया के मानचित्र से मिट जाएगा।"

 

उन्होंने आगे कहा:

"अमेरिका हरमुज़ जलडमरूमध्य पर कब्ज़ा करना चाहता था और ईरानी संसाधनों को लूटने के लिए फार्स की खाड़ी के रणनीतिक द्वीपों जैसे खार्क पर कब्ज़ा करना चाहता था लेकिन वह इन सभी रणनीतियों में विफ़ल रहा।"

 

उन्होंने कहा:

"दुश्मन, सूचना खोज के सभी साधनों के साथ हमारी मिसाइल उत्पादन सुविधाओं के एक हिस्से के बारे में भी नहीं जानता और इसी तरह, वह भ्रमित है।"

 

ईरान के सशस्त्र बलों के वरिष्ठ प्रवक्ता ने कहा:

"लगभग 20 वर्षों तक अमेरिकियों, यूरोपीय लोगों और ज़ायोनी शासन की सहायता से संयुक्त अरब अमीरात में 'डेटा सेंटर' नामक एक केंद्र स्थापित किया गया था ताकि पूरे पश्चिम एशिया और यहाँ तक कि दुनिया के एक हिस्से को नियंत्रित किया जा सके लेकिन ईरान ने उसे नष्ट कर दिया।"

 

सरदार शिकारची ने कहा:

"अमेरिकियों ने तीसरे विश्व युद्ध के लिए जो भी सुविधाएँ और हथियार पूर्व-नियोजित किए थे और जो उन्होंने दुनिया की शक्तियों के साथ संघर्ष के लिए संग्रहीत किए थे, उन्हें मैदान में उतार दिया लेकिन वे लगातार ईरान से हारते रहे।" mm