वरिष्ठ नेता की बातें लोगों को प्रोत्साहित करती हैं-रूहानी
राष्ट्रपति रूहानी ने नए साल के अवसर पर वरिष्ठ नेता आयतुल्लाहिल उज़्मा सैयद अली ख़ामेनेई के संबोधन की सराहना की है।
डा. रूहानी ने कहा है कि इस्लामी क्रांति के वरिष्ठ नेता की बातें, लोगों को प्रोत्साहित करने वाली हैं।
राष्ट्रपति रूहानी ने इस्लामी क्रांति के वरिष्ठ नेता आयतुल्लाहिल उज़्मा सैयद अली ख़ामेनेई को भेज पत्र में कहा है कि नए साल की मंत्रीमण्डल की पहली बैठक में स्वदेशी उत्पादन और रोज़गार को बढ़ाने के विषय पर बहस होगी।
अपने पत्र में डा. रूहानी ने लिखा है कि निःसन्देह, वरिष्ठ नेता की ओर से सरकार का समर्थन, सरकार में आर्थिक मामलों के अधिकारियों के लिए मूल्यवान पूंजी की भांति है। उन्होंने कहा कि इससे लाभ उठाकर युवाओं के लिए रोज़गार सृजन किया जा सकता है।
राष्ट्रपति रूहानी ने कहा कि मुझको इस बात का विश्वास है कि प्रतिरोधक अर्थव्यवस्था पर भरोसा करके पाई जाने वाली कमियां दूर की जा सकती हैं और साथ ही रोज़गार सृजन में भी इससे सहायता ली जा सकती है।
ज्ञात रहे कि इस्लामी क्रांति के वरिष्ठ नेता आयतुल्लाहिल उज़्मा सैयद अली ख़ामेनेई ने नए हिजरी शमसी साल के आगमन के अवसर पर अपने संदेश में इस वर्ष को "प्रतिरोधक अर्थव्यवस्था, पैदावार और रोज़गार" का नाम दिया है। उन्होंने अपने संदेश में प्रतिरोधक अर्थव्यवस्था को स्वयं में प्रभावी न बताते हुए वर्तमान स्थिति के समाधान के बारे में कहा है कि "प्रतिरोधक अर्थव्यवस्था के साथ ही पैदावार और रोज़गार से समस्याओं का समाधाना किया जा सकता है।