जेसीपीओए की सातवीं बैठक, अमरीकी उल्लंघन से भरा वातवारण
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संयुक्त समग्र कार्य योजना या जेसीपीओए की संयुक्त आयोग की सातवीं बैठक मंगलवार को ईरान और गुट पांच धन एक तथा यूरोपीय संघ के वरिष्ठ प्रतिनिधि की उपस्थिति में वियना में आयोजित हुई।
(last modified 2023-11-29T05:45:15+00:00 )
Apr २६, २०१७ ११:३९ Asia/Kolkata

संयुक्त समग्र कार्य योजना या जेसीपीओए की संयुक्त आयोग की सातवीं बैठक मंगलवार को ईरान और गुट पांच धन एक तथा यूरोपीय संघ के वरिष्ठ प्रतिनिधि की उपस्थिति में वियना में आयोजित हुई।

जेसीपीओए का संयुक्त आयोग संयुक्त समग्र कार्य योजना के क्रियान्वयन की शैली पर नज़र रखता है और ईरान तथा अमरीका, ब्रिटेन, रूस, चीन, फ़्रांस और जर्मनी पर आधारित गुट पांच धन एक के उप विदेशमंत्रियों और विदेशमंत्रियों के राजैतिक सलाहकारों तथा यूरोपीय संघ के वरिष्ठ प्रतिनिधियों के स्तर पर आयोजित होता है।

ईरान के उप विदेशमंत्री सैयद अब्बास इराक़ची ने जिन पर जेसीपीओए के क्रियान्वयन की समिति की ज़िम्मेदारी है, मंगलवार को बात करते हुए कहा कि अंतर्राष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेन्सी जेसीपीओए की विभिन्न रिपोर्टों से सिद्ध होता है कि ईरान ने पूरी सूक्ष्मता से जेसीपीओए का क्रियान्वयन किया है और सदैव अपने वचनों का पालन किया है किन्तु सामने वाले पक्ष ने कभी भी जेसीपीओए के क्रियान्वयन में अपने वचनों का पालन नहीं किया। उन्होंने इससे पहले ही इस बैठक के विषयों और लक्ष्यों के बारे में कहा था कि विएना बैठक में जेसीपीओए के बारे में अमरीकी सरकार के उल्लंघनों, रुकावटों और मुक़ाबले की कार्यवाही का विषय उठाया जाएगा।

 पिछले तीन साल के दौरान ईरान द्वारा क़ज़ाक़िस्तान से 950 टन येलो केक ख़रीदने का मामला भी ब्रिटेन के विरोध का शिकार हो गया है जिसके बारे में जेसीपीओए की संयुक्त समिति की बैठक में चर्चा की जाएगी।

अमरीका में ट्रम्प की नई सरकार के सत्ता में आने के बाद जेसीपीओए के संयुक्त आयोग की यह पहली बैठक है। ट्रम्प सरकार ने सत्ता में आने के बाद से ही अपने किसी भी वादे पर अमल नहीं किया।  जेसीपीओए पर हस्ताक्षर को लगभग दो वर्ष का समय हो रहा है और अमरीकी कार्यवाही से पता चलता है कि अमरीका विभिन्न बहानों से एक दिन कांग्रेस में दूसरे देश वाइट हाउस में और फिर तीसरे दिन ज़ायोनी लाॅबी के दबाव में जेसीपीओए का उल्लंघन करता रहा है।

जेसीपीओए के बाद ही इस्लामी क्राति के वरिष्ठ नेता ने जेसीपीओए के बारे में ईरान के राष्ट्रपति के पत्र के उत्तर में परमाणु वार्ता के छह पक्षों में से कुछ के अविश्वसनीय होने की ओर संकेत करते हुए कहा कि आवश्यकता है कि एेसी विषय वस्तु तैयार की जाए जिसमें अधिक सूक्ष्मता पर ध्यान दिया गया हो। (AK)