परमाणु समझौते से अमरीका के निकलने की स्थिति के लिए ईरान तैयार
ईरान की विदेशी संबंधों की रणनैतिक परिषद के प्रमुख ने कहा है कि तेहरान पर अमरीका के नए प्रतिबंध, ईरान व गुट पांच धन एक के बीच होने वाले परमाणु समझौते का उल्लंघन हैं।
कमाल ख़र्राज़ी ने फ़्रान्स-24 टीवी चैनल से बात करते हुए कहा कि ईरान के कुछ लोगों और संस्थाओं पर अमरीका की ओर से लगाए गए नए प्रतिबंध और ईरान से सहयोग न करने के लिए बैंको पर डाला जाने वाला दबाव, परमाणु समझौते के उल्लंघन की श्रेणी में आता है। ज्ञात रहे कि अमरीक वित्त मंत्रालय ने ईरान के विरुद्ध अपनी शत्रुतापूर्ण कार्यवाहियां जारी रखते हुए ईरान व विदेश के 18 लोगों व संस्थाओं पर परमाणु कार्यक्रम से संबंध जैसे विभिन्न बहानों से प्रतिबंध लगाया है।
ईरान की विदेशी संबंधों की रणनैतिक परिषद के प्रमुख ने परमाणु समझौते के पालन के अमरीका के दावे की आलोचना करते हुए कहा कि जेसीपीओए ईरान की रेड लाइन है और उसने अमरीका के इस समझौते से निकलने के बाद की स्थिति के लिए ख़ुद को तैयार कर लिया है। कमाल ख़र्राज़ी ने ईरान से कूटनैतिक संबंधों का स्तर कम करने के कुवैत के क़दम के बारे में कहा कि कुवैत ने यह क़दम सऊदी अरब के दबाव पर उठाया है। (HN)