पवित्र प्रतिरक्षा सप्ताह के अवसर पर वरिष्ठ नेता का संदेश
पवित्र प्रतिरक्षा सप्ताह के अवसर पर इस्लामी क्रांति के वरिष्ठ नेता ने कहा है कि शहीद होना या शहादत, ईश्वरीय विभूति है।
आयतुल्लाहिल उज़्मा सैयद अली ख़ामेनेई ने कहा कि शहादत एेसी महान ईश्वरीय विभूति है जिसे वह अपने विशेष बंदों को ही प्रदान करता है।पवित्र प्रतिरक्षा सप्ताह के अवसर पर वरिष्ठ नेता ने अपने संदेश में कहा है कि जिस समाज में भी शहादत से प्रेम करने वाले महान लोग होते हैं, वहां के लोगों को चाहिए कि वे उनका अनुसरण करते हुए आगे बढ़ें। उन्होंने कहा कि शहादत की भावना एेसी भावना है जो, शहादत से प्रेम करने वाले को शहादत की ओर खींचते हुए उसे उसके लक्ष्य तक पहुंचाती है।
अपने संदेश के एक भाग में इस्लामी क्रांति के वरिष्ठ नेता ने कहा कि हमारा सलाम हो शहीदों के सरदार पर जो हम सबके मार्गदर्शक हैं। उन्होंने कहा कि इसी के साथ उन शहीदों पर भी हमारा सलाम हो जिन्होंने शहीदों के सरदार का रास्ता चुनकर उसका अनुसरण करा।