ईरानी, अमरीका के धोखे में नहीं आएंगेः ज़रीफ़
विदेश मंत्री ने अपने ट्वीटर पेज पर लिखा है कि ईरानी, अमरीका की झूठी हमदर्दी के धोखे में नहीं आएंगे।
मुहम्मद जवाद ज़रीफ़ ने लिखा है कि अमरीका ने वर्ष 1953 में ईरान की निर्वाचित सरकार को बदल दिया और सन 1979 से दोबारा इसी तरह की कोशिश कर रहा है लेकिन ईरानी, अमरीका के धोखे में नहीं आएंगे। उन्होंने कहा कि ईरानियों से अमरीका की हमदर्दी उस समय झूठ सिद्ध हो गई जब अमरीकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रम्प ने फ़ार्स की खाड़ी के जाली नाम का प्रयोग किया, ईरानी जनता को आतंकी बताया और उनकी अमरीका यात्रा पर प्रतिबंध लगा दिया था।
ईरान के विदेश मंत्री ने इसी तरह एक अन्य ट्वीट में लिखा है कि अमरीका को ईरानी जनता के साथ खड़े होने की एक्टिंग बंद कर देनी चाहिए, ईरानियों ने अपने राष्ट्रपति को साठ लाख वोटों के अंतर और 73 प्रतिशत टर्न आउट के साथ निर्वाचित किया है, क्या आप तुलना करेंगे? उन्होंने अपने इस ट्वीट में डोनल्ड ट्रम्प के अपनी प्रत्याशी को मिलने वाले वोटों से 20 लाख वोट कम हासिल करने और अंतिम राष्ट्रपति चुनाव का टर्न आउट लगभग 60 प्रतिशत रहने की ओर संकेत किया है। (HN)