अमरीकी दबाव के बावजूद ईरान से तेल की ख़रीदारी जारी
भारत के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा है कि देश की सरकारी तेल कंपनियों ने नवंबर 2018 के तेल की ईरान से ख़रीदारी कर ली है।
भारत के पैट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय में संयुक्त सचिव संजय सुधीर ने बताया है कि भारत की तेल कंपनियों ने आगामी नवंबर महीने के कच्चे तेल की आपूर्ति के लिए ईरान को पहले ही आर्डर दे दिया है। उन्होंने कहा कि भारत की तेल की आवश्यकता की महत्वपूर्ण आपूर्ति ईरान की ओर से की जाती है। भारत अपनी आवश्यकता का 80 प्रतिशत तेल आयात करता है। भारत की तेल कंपनियों ने अक्तूबर में ईरान से लगभग 10 मिलयन टन कच्चे तेल का आयात किया है।
भारत की ओर से ईरान से कच्चे तेल की खरीदारी का क्रम एेसी स्थिति में जारी है कि जब अमरीका ने नई दिल्ली से मांग की है कि ट्रम्प द्वारा ईरान पर दबाव बनाने के उद्देश्य से वह तेहरान से कच्चा तेल आयात न करे।
इससे पहले तुर्की, चीन और भारत यह एलान कर चुके हैं कि वे ईरान से तेल न ख़रीदने की अमरीका मांग का पालन नहीं करेंगे। ज्ञात रहे कि ट्रम्प का कहना है कि आगामी 4 नवंबर से वे ईरान के तेल निर्यात को शून्य तक ले जाना चाहते हैं।
विश्व की तेल मंडियों की हालिया घटनाओं और वास्तविकताओं से यह बात समझ में आती है कि आपेक के तीसरे सबसे बड़े तेल निर्यातक के रूप में ईरान को अलग-थलग करने के अमरीकी प्रयास सफल नहीं हो पाएंगे।