अमरीका के प्रतिबंधों के बावजूद ईरान का तेल निर्यात जारी हैः रूहानी
राष्ट्रपति ने बल देकर कहा है कि चार नवम्बर को अमरीका की ओर से ईरान के ख़िलाफ़ प्रतिबंधों का दूसरा चरण लागू किए जाने के बाद भी ईरान का तेल निर्यात लगातार जारी है।
डाॅक्टर हसन रूहानी ने मंगलवार को तीनों पालिकाओं के प्रमुखों की बैठक के बाद कहा कि चार अक्तबूर के बाद, जब अमरीकी, ईरान की अर्थव्यवस्था में बिखराव देखने को बहुत उत्सुक थे, ईरानी जनता और आर्थिक क्षेत्र में काम करने वालों ने इस प्रकार से काम किया कि हालात अमरीकियों के ख़िलाफ़ हो गए। उन्होंने कहा कि अमरीकियों ने कोशिश की कि ईरान के ख़िलाफ़ दूसरे चरण के प्रतिबंध लागू होने के बाद, मुद्रा स्फ़ीति, आर्थिक समस्याओं और बाज़ार की मुश्किलों को किसी दूसरे रूप में देखें लेकिन केंद्रीय बैंक व आर्थिक क्षेत्र के अधिकारियों के क्रियाकलाप और जनता की ओर से उनका साथ दिए जाने के कारण, शांति में वृद्धि हुई और इस बात का हरसंभव प्रयास किया जा रहा है कि यह शांति बनी रहे ताकि जनता की समस्याओं में कमी आए।
ईरान के राष्ट्रपति ने कहा कि जारी वर्ष के आरंभिक आठ महीनों में पिछले साल की तुलना में निर्यात में काफ़ी प्रगति दिखाई पड़ती है और इस दौरान ईरान के निर्यात में 13 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। डाॅक्टर हसन रूहानी ने इस बात का उल्लेख करते हुए कि अमरीकी, ईरान के तेल पर प्रतिबंध लगाने में विफल रहे हैं, कहा कि अमरीका ने ओपेक की बैठक में कोशिश की कि तेल की पैदावार में कमी न आने पाए लेकिन ओपेक ने अमरीका के दबाव के बावजूद तेल के उत्पाद में कमी का फ़ैसला किया। उ्न्होंने क्षेत्र के हालात जनता के हित में हैं और यमन की स्थिति एेसी हो गई है कि अतिक्रमणकारियों को महसूस होने लगा है कि उनके पास यमनी जनता के साथ शांति के अलावा कोई मार्ग नहीं है। उन्होंने कहा कि सीरिया में भी हालात शांति की ओर बढ़ रहे हैं जिसका मतलब यह है कि ईरान, क्षेत्रीय मामलों में सफल रहा है। (HN)