युरोप ने पीठ में छुरा घोंपा है , वरिष्ठ नेता
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इस्लामी क्रांति के वरिष्ठ नेता आयतुल्लाहिल उज़मा सैयद अली ख़ामेनई ने नये ईरानी वर्ष के पहले दिन मशहद में इमाम रज़ा अलैहिस्सलाम के रौज़े में एक जनसभा को संबोधित करते हुए ईरान व पश्चिम के टकराव तथा वर्तमान परिस्थितियों पर महत्वपूर्ण बिन्दुओं का वर्णन किया।
(last modified 2023-04-09T02:55:50+00:00 )
Mar २२, २०१९ ११:३४ Asia/Kolkata

इस्लामी क्रांति के वरिष्ठ नेता आयतुल्लाहिल उज़मा सैयद अली ख़ामेनई ने नये ईरानी वर्ष के पहले दिन मशहद में इमाम रज़ा अलैहिस्सलाम के रौज़े में एक जनसभा को संबोधित करते हुए ईरान व पश्चिम के टकराव तथा वर्तमान परिस्थितियों पर महत्वपूर्ण बिन्दुओं का वर्णन किया।

वरिष्ठ नेता के भाषण में एक महत्वपूर्ण बिन्दु, आर्थिक स्थिरता तक पहुंचने के लिए रोड मैप बनाना है। वरिष्ठ नेता ने इस उद्देश्य की पूर्ति के लिए पहली शर्त , पश्चिम से आशा न रखना बताया और कहा कि, एतिहासिक अनुभवों और पश्चिम के व्यवहार को देखने से यह सिद्ध होता है कि उनसे षडयंत्र , ग़द्दारी और पीठ में छुरा भोंकने की आशा रखी जा सकती है लेकिन सच्चाई , सहायता और सहयोग की उम्मीद नहीं रखी जा सकती। वरिष्ठ नेता के भाषण में दूसरी जो महत्वपूर्ण बात थी वह पश्चिमी सरकारों और इस्लामी गणतंत्र ईरान के मध्य मुद्दों पर ध्यान देना था। वरिष्ठ नेता ने दुश्मन की ओर से ईरान को दी जाने वाली धमकियों का उल्लेख करते हुए कहा कि , अमरीका के एक नंबर के एक मूर्ख ने कहा था कि अगर हम जेसीपीओए से निकल जाएंगें तो ईरानी जनता , रोटी की भी मोहताज हो जा जाएगी और ईरान की सड़कों पर हंगामे शुरु हो जाएंगे, इसी प्रकार एक अन्य ने कहा था कि हम सन 2019 का क्रिसमस तेहरान में मनाएंगे निश्चित रूप से इस प्रकार के बयान मूर्खता या फिर दुष्टता व मनोवैज्ञानिक युद्ध का या फिर दोनों का भाग हैं। 

अमरीका के एक प्रसिद्ध रणनीतिकार, मार्क बाल्मर ने लिखा है कि ईरान एक अभूतपूर्व शक्ति में बदल चुका है जिसे अब सैनिक हमले और युद्ध से पराजित नहीं किया जा सकता बल्कि इस्लामी गणतंत्र व्यवस्था को खत्म करने का एकमात्र मार्ग साफ्ट वॅार और मनोवैज्ञानिक युद्ध है। 

निश्चित रूप से पश्चिम की नीतियां बेहद दोगली हैं और यही वजह है कि वरिष्ठ नेता ने कहा है कि सऊदी अरब की सरकार , पूरे क्षेत्र में सर्वाधिक तानाशाही, भ्रष्ट , अत्याचारी व निर्भर सरकार है किंतु पश्चिम इस प्रकार की सरकार के लिए परामाणु प्रतिष्ठान और मिसाइल उत्पादन केन्द्र बनाता है क्योंकि  सऊदी सरकार उनके अधीन है। पश्चिम से टक्टर लेने के लिए इस्लामी गणतंत्र ईरान की जनता का मार्ग स्पष्ट है। वरिष्ठ नेता ने इसी लिए नये ईरानी वर्ष को , अवसरों का साल कहा है और ईरान की रक्षा शक्ति की दुश्मनों की ओर से स्वीकारोक्ति की ओर संकेत करते हुए बल दिया कि रक्षा क्षेत्र में इस्लामी गणतंत्र ईरान की शक्ति वास्तव में ईरान की प्रतिरोधक शक्ति है जो प्रतिबंधों के बावजूद प्राप्त हुई है और आर्थिक क्षेत्र में भी प्रतिबंधों के साथ ही इसी प्रकार से तरक्क़ी की जा सकती है और प्रतिरोधक क्षमता प्राप्त हो सकती है। (Q.A.)