ईरान सरकार के प्रवक्ता ने ट्रम्प को अनाड़ी क़रार दिया
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ईरान की सरकार के प्रवक्ता ने अमेरिका की डोनल्ड ट्रम्प सरकार द्वारा ईरान के विदेश मंत्री मोहम्मद जवाद ज़रीफ़ पर लगाए गए प्रतिबंध की कड़े शब्दों में निंदा करते हुए ट्रम्प को अनाड़ी क़रार दिया है।
(last modified 2023-04-09T06:25:50+00:00 )
Aug ०४, २०१९ २०:३७ Asia/Kolkata
  • ईरान सरकार के प्रवक्ता ने ट्रम्प को अनाड़ी क़रार दिया

ईरान की सरकार के प्रवक्ता ने अमेरिका की डोनल्ड ट्रम्प सरकार द्वारा ईरान के विदेश मंत्री मोहम्मद जवाद ज़रीफ़ पर लगाए गए प्रतिबंध की कड़े शब्दों में निंदा करते हुए ट्रम्प को अनाड़ी क़रार दिया है।

रविवार को राजधानी तेहरान में पत्रकारों से बातचीत करते हुए इस्लामी गणतंत्र ईरान की सरकार के प्रवक्ता अली रबीई ने कहा कि ईरानी विदेश मंत्री मोहम्मद जवाद ज़रीफ़ पर अमेरिका द्वारा लगाया गया प्रतिबंध, केवल किसी एक व्यक्ति के ख़िलाफ़ नहीं है बल्कि ईरानी राष्ट्र और सरकार के विरुद्ध है। उन्होंने ईरानी विदेश मंत्री के ख़िलाफ़ अमेरिकी प्रतिबंधों को कूटनीति के सिद्धांतों का खुला उल्लंघन बताया और कहा कि कूटनीति के इतिहास में ऐसा कोई उदाहरण पहले कभी नहीं देखने को मिलेगा।

ईरान की सरकार के प्रवक्ता ने कहा कि दुनिया अधिकतर के देशों ने ईरान के ख़िलाफ़ अमेरिका के एकपक्षीय प्रतिबंधों को पहले ही  नकार दिया है। अली रबीई ने कहा कि अमेरिका जो वर्षों से इस प्रयास में था कि कैसे ईरान को अंतर्राष्ट्रीय मंच पर अलग-थलग कर सके, उसका यह सपना न केवल चकनाचूर हो गया बल्कि स्वयं अमेरिका अंतर्राष्ट्रीय मंच पर अकेला पड़ गया है। ईरानी सरकार के प्रवक्ता ने कहा कि हमारी हमेशा से यह नीति रही है कि अपने पड़ोसी देशों के साथ अच्छे संबंध स्थापित किए जाएं। उन्होंने पड़ोसी देशों के साथ सहयोग और संबंधों को बढ़ावा देने के सिद्धांत को दोहराते कहा कि यही कारण है कि इस्लामी गणतंत्र ईरान, सऊदी अरब और संयुक्त अरब इमारात को अमेरिका से अलग मानता है।

उल्लेखनीय है कि प्रतिबंध की अपनी लत के चलते अमरीका ने गुरुवार 1 अगस्त को ईरान के विदेश मंत्री मोहम्मद जवाद ज़रीफ़ का नाम उन लोगों की सूचि में शामिल कर दिया है जिन पर प्रतिबंध लगाए गए हैं। वॉशिंग्टन के इस क़दम का न केवल दुनिया भर में विरोध हुआ बल्कि स्वयं अमरीका के भीतर भी ट्रम्प प्रशासन के इस तर्कहीन फ़ैसले पर कड़ा विरोध हुआ। अमरीका के अनेक सांसदों के अलावा यूरोपीय संघ ने भी एक बयान जारी करके वॉशिंग्टन के इस क़दम पर खेद जताया है। (RZ)