क्षेत्र के लोग अमरीका से बहुत घृणा करते हैंः वरिष्ठ नेता
इस्लामी क्रांति के वरिष्ठ नेता आयतुल्लाहिल उज़्मा सैयद अली ख़ामेनेई ने कहा है कि क्षेत्रीय जनता अमरीका से बहुत घृणा करती है।
आयतुल्लाहिल उज़्मा सैयद अली ख़ामेनेई ने कहा कि मैं, ईरान की सरकार और ईरानी राष्ट्र सब ही इराक़ में इराक़ी स्वयंसेवी बल, "हश्दुश्शाबी" के ठिकाने पर अमरीकी हमले की कड़ी निंदा करते हैं।
वरिष्ठ नेता ने बुधवार को तेहरान में हज़ारों नर्सों को संबोधित करते हुए कहा कि पूरे क्षेत्र विशेषकर इराक़ में अमरीका के प्रति घृणा, जनता की स्वाभाविक प्रतिक्रिया है। उन्होंने कहा कि यह घृणा अमरीकी अपराधों के कारण है। आयतुल्लाहिल उज़्मा सैयद अली ख़ामेनेई ने कहा कि "हश्दुश्शाबी" के ठिकाने पर अमरीका का हमल वास्तव में दाइश का बदला लेने के लिए किया गया क्योंकि हश्दुश्शाबी ने दाइश की कमर तोड़कर उसे अलग-थलग कर दिया।वरिष्ठ नेता ने मंगलवार की घटनाओं के लिए ईरान को दोषी ठहराने पर आधारित अमरीकी राष्ट्रपति ट्रम्प के बयान और ईरानी राष्ट्र को धमकी देने का उल्लेख करते हुए कहा कि अमरीका बकवास कर रहा है। वरिष्ठ नेता का कहना था कि इसका ईरान से कोई संबन्ध नहीं है।
आयतुल्लाहिल उज़्मा सैयद अली ख़ामेनेई ने आगे कहा कि सबको यह पता है कि इस्लामी गणतंत्र ईरान, युद्ध का इच्छुक नहीं है। उन्होंने कहा कि जो भी ईरानी राष्ट्र के हितों, मान-सम्मान, प्रतिष्ठा और प्रगति को ठेस पहुंचाएगा उसको मुंहतोड़ जवाब दिया जाएगा। वरिष्ठ नेता ने इराक़ और अफ़ग़ानिस्तान में अमरीका की कुख्यात सुरक्षा एजेन्सी "ब्लैक वाटर" के हाथों अत्याचारों, नरसंहार और वैज्ञानिकों की हत्याओं का उल्लेख किया। आयतुल्लाहिल उज़्मा सैयद अली ख़ामेनेई ने कहा कि कुछ क्षेत्रीय देशों के अधिकारियों की अनुमति के बिना अमरीकी अधिकारियों की इन क्षेत्रीय देशों की यात्राएं और वहां पर अपनी सैन्य छावनियों में उनकी उपस्थिति, इन देशों के साथ अमरीका के अपनामजनक व्यवहार की एक अन्य निशानी है।
इस्लामी क्रांति के वरिष्ठ नेता आयतुल्लाहिल उज़्मा सैयद अली ख़ामेनेई ने अपने संबोधन के अन्तिम भाग में कहा कि ईरानी राष्ट्र दूरदर्शी और निडर है। उन्होंने कहा कि अंततः विजय, ईरानी राष्ट्र की ही होगी और देश का भविष्य निश्चित रूप से आज से बेहतर होगा। ज्ञात रहे कि हज़रत अली की सुपुत्री हज़रत ज़ैनब का आज शुभ जन्म दिवस है जिसे ईरान में नर्स दिवस के रूप में मनाया जाता है। इसी अवसर पर हज़ारों नर्सों ने वरिष्ठ नेता से तेहरान में मुलाक़ात की।