इस्राईली मेयर ने सैयद हसन नसरुल्लाह को कहा शुक्रिया!!
अवैध अधिकृत फ़िलिस्तीन अर्थात इस्राईल के शहर हैफ़ा के मेयर ने लेबनान के हिज़्बुल्लाह आंदोलन के प्रमुख सैयद हसन नसरुल्लाह का शुक्रिया अदा किया कि उनकी चेतावनी के कारण हैफ़ा नगर के क़रीब स्थित अमोनियाक गैस के भंडार बंद कर दिए गए।
सैयद हसन नसरुल्लाह ने अलमयादीन टीवी चैनल के साथ साक्षात्कार में ज़ायोनी शासन को चेतावनी दी थी कि यदि ज़ायोनी शासन ने लेबनान पर हमला किया तो हमारे पास इस्राईल के भीतर मौजूद टारगेट की सूचि है जिसमें हैफ़ा में स्थित अमोनियाक गैस के भंडार और परमाणु प्रतिष्ठान भी हैं और हम इन्हें निशाना बनाएंगे।
इस चेतावनी के बाद इस्राईल में हड़कंप मच गया और तेल अबीब सरकार ने प्रोफ़ेसर एहूद कीननाली के नेतृत्व में एक जांच कमेटी बनाई जिसने अपनी जांच में यह पाया कि हैफ़ा बंदरगाह के क़रीब स्थि अमोनियाक गैस के भंडार और बंदरगाह पर लंबे समय से लंगरअंदाज़ अमोनियाक गैस के जहाज़ इस्राईल की सुरक्षा के लिए गंभीर ख़तरा हैं। नतीजे में बिनयामिन नेतनयाहू की सरकार को तीस साल बाद इन प्रतिष्ठानों को बंद करना पड़ा।
जांच कमेटी ने अपनी रिपोर्ट में कहा कि यदि इन प्रतिष्ठानों पर कोई मिसाइल गिर गया तो वायु प्रदूषण फैलेगा और हैफ़ा नगर तथा आस पास के क्षेत्रों में लाखों लोग मारे जाएंगे।
इस्राईल के पर्यावरण मंत्री ज़ईफ़ अलकीन ने बताया कि अमोनियाक गैस के भंडारों को दो चरणों में ख़ाली करने का फ़ैसला किया गया है। उन्होंने बताया कि यह फ़ैसला एक बड़ी उपलब्धि है। हमने इस साल शुरू में ही कहा था कि अमोनियाक गैस भंडार को हम बंद कर देंगे।
इसी बीच कूटनैतिक सूत्रों से जानकारी मिली है कि इस्राईल इस कोशिश में है कि अमोनियाक गैस का यह भंडार जार्डन स्थानान्तरित कर दे। इस्राईल कई बार जार्डन से यह मांग कर चुका है कि लाल सागर में स्थित अक़बह बंदरगाह को अमोनियाक गैस भंडार के रूप में प्रयोग करने की अनुमति दे दे। यह जार्डन की एक मात्र बंदरगाह है। जार्डन के अधिकारी इस विषय की समीक्षा कर रहे हैं।
हैफ़ा शहर के मेयर ने इस्राईली टीवी चैनल से बातचीत में कहा कि हैफ़ा में मौजूद अमोनियाक के भंडार पर यदि हिज़्बुल्लाह का मिसाइल गिरता है तो अमोनियक के भंडर परमाणु बम में परिवर्तित हो जाएंगे। सैयद हसन नसरुल्लाह ने जो चेतावनी दी है वह बिल्कुल सही है और हम सैयद हसन नसरुल्लाह का शुक्रिया अदा करते हैं कि उन्होंने इस ख़तरनाक विषय के बारे मे बात की जिससे इस्राईली जनमत का ध्यान इस ओर केन्द्रित हुआ।