तालेबान के नए सरग़ना का विरोध आरंभ
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तालेबान के नए प्रमुख मुलला हैबतुल्लाह का विरोध आरंभ हो गया है।
(last modified 2023-04-09T02:55:50+00:00 )
May २६, २०१६ १३:१३ Asia/Kolkata
  • तालेबान के नए सरग़ना का विरोध आरंभ

तालेबान के नए प्रमुख मुलला हैबतुल्लाह का विरोध आरंभ हो गया है।

अफ़ग़ानिस्तान में तालेबान से अलग हुए गुट मुल्ला मोहम्मद रसूलुल्लाह ने तालेबान के नए सरग़ना मुल्ला हैबतुल्लाह के नेतृत्व वाले तालेबान गुट का कड़ा विरोध किया है। तालेबान से अलग हुए इस गुट के सरग़ना का नाम मुल्ला मोहम्मद रसूलुल्लाह है।

समाचार एजेंसी तस्नीम के अनुसार, तालेबान से अलग हुए गुट के प्रवक्ता अब्दुल मन्नान नियाज़ी ने कहा कि हैबतुल्ला का नेतृत्व उनके गुट को स्वीकार नहीं है। अब्दुल मन्नान ने कहा कि हैबतुल्लाह क़न्धार के निवासी और मंसूर के मंत्रीमंडल के सदस्य हैं। इसी प्रकार वे लोगों में लोकप्रिय भी नहीं हैं।

तालेबान के पूर्व सरग़ना मुल्ला मोहम्मद उमर की मौत की पुष्टि के बाद मुल्ला अख़्तर मंसूर को इस गुट का नया सरग़ना चुना गया। मुल्ला अख़्तर मंसूर को सरग़ना चुने जाने पर मुल्ला उमर की ज़िन्दगी में तालेबान से अलग हुए इस गुट के सदस्यों ने मुल्ला अख़्तर मंसूर का विरोध करते हुए मुल्ला रसूल के नेतृत्व में नया गुट बनाया जिसका उप प्रमुख मुल्ला अब्दुल मन्नान नियाज़ी है।

यह ऐसी स्थिति में है कि रूसी सूत्रों ने कुछ पश्चिमी सूत्रों के हवाले से बताया है कि अमरीका ने अफ़ग़ानिस्तान की मदद के लिए जो बजट विशेष किया है उसका पूरा भाग तालेबान की शाखा मुल्ला मोहम्मद रसूलुल्लाह के समर्थन पर ख़र्च किया जा रहा है।

इन सूत्रों का कहना है कि मुल्ला रसूल को, जो मुल्ला उमर की मौत के बाद तालेबान से अलग हुआ है, अफ़ग़ान सरकार से हथियार और पैसे मिले हैं। (MAQ/N)