फ़्रांस में प्रदर्शन जारी; "पीली बनियाइन" और छात्र सड़कों पर उतरे
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पार्स टुडे – पेरिस और फ़्रांस के कई अन्य शहरों में शनिवार को जीवन-यापन की बढ़ती लागत, ईंधन कीमतों में वृद्धि और शिक्षा की बिगड़ती स्थिति के विरुद्ध प्रदर्शनों की लहर देखी गई।
(last modified 2026-10-19T09:52:59+00:00 )
Oct १८, २०२६ १०:५८ Asia/Kolkata
  • फ़्रांस में प्रदर्शन जारी;

पार्स टुडे – पेरिस और फ़्रांस के कई अन्य शहरों में शनिवार को जीवन-यापन की बढ़ती लागत, ईंधन कीमतों में वृद्धि और शिक्षा की बिगड़ती स्थिति के विरुद्ध प्रदर्शनों की लहर देखी गई।

पार्स टुडे के अनुसार फ़्रांस की राजधानी पेरिस और देश के कई अन्य शहरों में शनिवार को व्यापक विरोध प्रदर्शन हुए। हाई स्कूल के छात्रों और "पीली बनियान" आंदोलन के सदस्यों के पेरिस की सड़कों पर उतरने के साथ ही प्रदर्शनकारियों और पुलिस बलों के बीच पहली झड़पें भी सामने आईं।

 

मुख्य विरोध प्रदर्शन स्थानीय समयानुसार दोपहर 2 बजे पेरिस के रिपब्लिक चौक पर शुरू होना था, जबकि प्रदर्शनकारियों के समूह कुछ घंटे पहले से ही शहर के विभिन्न हिस्सों में एकत्र हो चुके थे। सुरक्षा बल पेरिस और अन्य बड़े शहरों में अलर्ट पर थे।

 

प्रदर्शनकारी जीवन-यापन की लागत और ईंधन तथा ऊर्जा कीमतों में वृद्धि को नियंत्रित करने, वेतन और पेंशन बढ़ाने तथा सार्वजनिक सेवाओं और शिक्षा की स्थिति में सुधार की मांग कर रहे हैं।

 

मीडिया रिपोर्टों के अनुसार फ़्रांसीसी पुलिस ने पेरिस के रिपब्लिक चौक पर भीड़ को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस का इस्तेमाल किया। यह भी बताया गया है कि पुलिस बलों ने उन लोगों की तलाशी ली जो प्रदर्शनों में भाग लेने के लिए चौक में प्रवेश करना चाहते थे और कुछ लोगों से उनका सामान ज़ब्त किया।

 

मार्से में भी सामाजिक परिस्थितियों के विरुद्ध देशव्यापी लामबंदी के तहत विरोध प्रदर्शन आयोजित किए गए।

 

सोशल नेटवर्क पर पिछले विरोध आंदोलनों के सदस्यों को शामिल होने के लिए जारी अपीलों का स्वागत किया गया है; यह ऐसा मामला है जो फ़्रांस में प्रदर्शनों के और अधिक विस्तार का कारण बन सकता है।

 

"पीली बनियान" आंदोलन 2018 में ईंधन कर के विरोध में शुरू हुआ था, लेकिन इसका दायरा महँगाई और आय असमानता के व्यापक असंतोष तक फैल गया। मैक्रों द्वारा कई अरब यूरो मूल्य की कर कटौती पर सहमति के बाद इस आंदोलन की गतिविधि काफ़ी हद तक शांत हो गई थी। mm