ट्रम्प ने शुरु कर दी चीन के खिलाफ आर्थिक जंग
अमरीकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने गुरुवार की रात , उन चीनी उत्पादों की सूचि तैयार करने का आदेश दे दिया जिन पर उद्देश्यपूर्ण टेरिफ लगाने की बात हो रही है।
ट्रंप सरकार ने गुरुवार को इस फैसले की वजह बताते हुए कहा कि यह कदम इसलिए उठाना पड़ा क्योंकि इस मुद्दे पर वर्षों तक बातचीत के बाद भी कोई बदलाव नहीं आया है।
ट्रम्प सरकार के इस फैसले पर प्रतिक्रिया प्रकट करते हुए चीन का कहना है कि वह भी जवाब के लिए तैयार है।
याद रहे अनुमान के अनुसार ट्रंप सरकार चीन पर 30-60 अरब डॉलर के शुल्क और चीन के निवेश पर नियंत्रण लगाने के बारे में सोच रही है।
ट्रम्प ने चीन पर आरोप लगाया है कि उसकी वजह से अमरीका से 60 हज़ार कारखाने और 60 लाख नौकरियां खत्म हो गयीं।
अमेरिकी सरकार का कहना है कि उसके पास इस बात के सुबूत हैं कि चीन ऐसी अमेरिकी कंपनी की तलाश में है जो उसके साथ पार्टनरशिप करके चीन के बाजार में उतर सके और फिर अमेरिका पर तकनीक भेजने का दबाव बनाया जा सके।
दावे के मुताबिक़ अमेरिका को इस बात के भी सुबूत मिले हैं कि चीन अमेरिका के महत्वपूर्ण उद्योगों में निवेश को नुकसान पहुंचा रहा है और साइबर अटैक भी करवाता है।
गुरुवार को चीन प्रतिक्रिया में कहा है कि वह भी इन नए शुल्कों का जवाब देने के लिए तैयार है और चीन चुपचाप बैठकर अपने अधिकार और हितों को नुकसान पहुंचते नहीं देखेगा और इनके बचाव के लिए हर जरूरी कदम उठाएगा।(Q.A.)