श्रीलंका में मुसलमानों की गिरफ़्तारी से ह्यूमन राइट्स वाॅच चिंतित
श्रीलंका में मुसलमानों को गिरफ़्तार किये जाने की प्रक्रिया पर ह्यूमन राइट्स वाॅच ने चिंता जताई है।
ह्यूमन राइट्स वाॅच ने शुक्रवार को इस बात पर चिंता जताई कि श्रीलंका में गणमान्य मुसलमानों को गिरफ़्तार किया जा रहा है। ह्यूमन राइट्स वाॅच ने श्रीलंका के अधिकारियों से मांग की है कि गिरफ़्तार किये गए गणमान्य मुसलमानों के अधिकारों का ध्यान रखते हुए उन्हें वकील करने की सुविधा दी जाए जिनमें रिटायर्ड सरकारी अधिकारी भी हैं।
ह्यूमन राइट्स वाॅच ने बताया है कि मुसलमानों की यह गिरफ़्तारियां, उस एलान के बाद की जा रही हैं जिसमें कहा गया था कि श्रीलंका में कोरोना से मरने वाले मुसलमानों को जलाया जाएगा। श्रीलंका के मुसलमानों ने इसका विरोध किया है। इस विरोध के कारण वहां के कई गणमान्य लोगों को गिरफ़्तार किया गया है।
ज्ञात रहे कि श्रीलंका में पिछले साल हुए आतंकवादी विस्फोटों के बाद वहां पर रहने वाले मुसलमानों के साथ भेदभाव में वृद्ध हुई है जबकि हाल ही में इस घोषणा के बाद मुसलमानों के विरुद्ध दबाव बढ़ गया कि कोरोना से मरने वाले मुसलमानों को जलाया जाएगा। श्रीलंका के मुसलमान इस फैसले का कड़ा विरोध कर रहे हैं। उल्लेखनीय है कि श्रीलंका की जनसंख्या में मुसलमान लगभग 10 प्रतिशत हैं। वहां पर हिंदुओं के बाद वे दूसरे सबसे बड़े अल्पसंख्यक हैं।