-
अल्लाह के ख़ास बन्दे- 35
Jul ०३, २०१८ ०९:२४हमारी चर्चा यज़ीद बिन मोआविया के हाथ में इस्लामी शासन की लगाम आने के बाद शहीदों के सरदार हुसैन बिन अली अलैहेमस्सलाम के व्यवहार के बारे में है।
-
अल्लाह के ख़ास बन्दे- 34
Jul ०३, २०१८ ०८:५५हज़रत इमाम हुसैन अलैहिस्सलाम कभी भी मोआविया की पाखंडी नीतियों के मुकाबले में ख़ामोश नहीं रहे जबकि मोआविया सदैव अपने विरोधियों की आवाज़ को दबाने की चेष्टा में रहता था।
-
अल्लाह के ख़ास बन्दे- 33
Jul ०३, २०१८ ०८:३६हमारी चर्चा यहां पहुंची थी कि मोआविया के काल में इमाम हुसैन अलैहिस्सलाम उसके अत्याचार पर ख़ामोश नहीं रहते थे।
-
ईरान के ख़िलाफ़ अमरीका का आर्थिक युद्ध
Jul ०३, २०१८ ०७:५४ईरान के ख़िलाफ़ अमरीका का आर्थिक युद्ध
-
अल्लाह के ख़ास बन्दे- 32
Jul ०२, २०१८ ११:५०कूफ़े की मस्जिद में नमाज़ की हालत में हज़रत अली अलैहिस्सलाम की शहादत के बाद इमाम हसन अलैहिस्सलाम की इमामत का काल शुरू हुआ।
-
अल्लाह के ख़ास बन्दे- 31
Jul ०२, २०१८ ११:४१पैग़म्बरे इस्लाम (स) के छोटे नवासे इमाम हुसैन अलैहिस्सलाम का जन्म मदीना नगर में हुआ था।
-
अल्लाह के ख़ास बन्दे- 30
Jul ०२, २०१८ ११:१५पिछले हमने इमाम हसन अलैहिस्सलाम के राजनैतिक व सामाजिक जीवन पर प्रकाश डाला था और हमने बताया था कि ख़वारिजों ने अपने प्रभाव से न केवल इमाम हसन अलैहिस्सलाम के सैनिकों में शंका और भ्रांतियां पैदा कर दीं बल्कि उन्होंने इमाम हसन अलैहिस्सलाम के भ्रष्ट और अधर्मी होने का आदेश जारी कर दिया।
-
अल्लाह के ख़ास बन्दे- 29
Jul ०२, २०१८ ११:०३आपको याद होगा कि हमने इमाम हसन अलैहिस्सलाम के जीवन की समीक्षा में यह बताया कि उनके लिए यह मुमकिन न था कि वह भ्रष्ट उमवी व्यवस्था, अन्याय तथा धर्म में अलग से शामिल की जा रही बातों के संबंध में ख़ामोश बैठे रहें क्योंकि वह अपने पिता हज़रत अली अलैहिस्सलाम के मार्ग का पालन कर रहे थे कि जिनका लक्ष्य न्याय पर आधारित व्यवस्था क़ायम करना, अत्याचारियों से संघर्ष करना, पीड़ितों के अधिकारों का समर्थन करना और क़ुरआन व पैग़म्बरे इस्लाम के पवित्र परिजनों के सम्मान की रक्षा करना था।
-
बहाउद्दीन वल्द मुहम्मद बिन हुसैन ख़तीबी -2
Jul ०२, २०१८ ०८:५२बहाउद्दीन वलद मोहम्मद बिन हुसैन ख़तीबी उर्फ़ बहा वलद छठी व सातवीं हिजरी क़मरी में ख़ुरासान के बड़े आत्मज्ञानियों, उपदेशकों व सूफ़ियों में थे।
-
मार्गदर्शन- 91
Jul ०२, २०१८ ०७:५७इस्लाम की दृष्टि में महिला को सीमित नहीं बतायागया है।