Sep ०५, २०१८ २०:३० Asia/Kolkata
  • सोमवार- 7 सितम्बर

7 सितम्बर सन 1965 ईसवी को भारत - पाकिस्तान युद्ध में पाकिस्तानी सूत्रों के अनुसार पाकिस्तान की वायु सेना के हमले में भारत के 53 युद्धक विमान ध्वस्त हो गए जिससे भारतीय वायु सेना को भारी नुक़सान पहुंचा

1701   में जर्मनी, इंग्लैंड और नीदरलैंड ने फ़्रांस विरोधी समझौते पर हस्ताक्षर किये।

1902  में ऑस्ट्रेलिया में भयानक सूखा पड़ने के बाद देश भर के लोगों ने वर्षा के लिए एक साथ ईश्वर से प्रार्थना की।

1906   में बैंक ऑफ़ इंडिया की स्थापना हुयी।

1923   में विएना में इंटरपोल की स्थापना हुई।

7 सितम्बर सन 1927 ईसवी को फ़िलियो टेलर ने पूर्णतः इलेक्ट्रानिक टीवी बनाने में सफलता हासिल की।

1931   में लंदन में गोलमेज़ सम्मेलन का दूसरा सत्र शुरू हुआ हुआ।

1943  में टेक्सास के ह्यूस्टन में एक होटल में आग लगने से 45 लोगों की मौत हुई।

1950  में हंगरी में सभी मठों को बंद कर दिया गया।

7 सितम्बर सन 1954 ईसवी को पाकिस्तान सहित आठ देशों ने सीटो संधि पर हस्ताक्षर किए।

1965   में चीन ने घोषणा की कि वह भारतीय सीमा पर तैनात अपने सैनिकों को सुदृढ़ करेगा।

1977  में इथोपिया ने सोमालिया के साथ राजनयिक संबंध तोड़ लिए।

1998   में अंतर्संसदीय यूनियन (आई.पी.यू.) का 100वां सम्मेलन मास्को में प्रारम्भ हुआ।

1999   में एथेंस में 5.9 तीव्रता के भूकंप से 143 लोगों की मौत हो गयी और 500 से अधिक घायल हो गए तथा 50000 लोग बेघर हो गए।

2002   में अयाज़ुद्दीन अहमद बांग्लादेश के नये राष्ट्रपति बने।

2004   में फिजी के विजय सिंह टाइगर वुड्स को पीछे छोड़कर विश्व के नम्बर एक गोल्फ़र बने।

2005  में तेल के बदले अनाज कार्यक्रम की जांच रिपोर्ट पेश हुई।

2005  में मिस्र में पहली बार राष्ट्रपति चुनाव हुआ।

2006  में बेरेंट्स सागर में रूस की एक परमाणु पनडुब्बी में आग लगने से चालक दल के दो सदस्यों की मौत हो गयी।

2008  में भारत-अमेरिका परमाणु समझौते के तहत एन.एस.जी. के 45 सदस्यों ने भारत को अन्तर्राष्ट्रीय समुदाय से परमाणु व्यापार की छूट दी।

2008   में बंगाल के राज्यपाल गोपालकृष्ण गाँधी, राज्य के मुख्यमंत्री बुद्धदेव भट्टाचार्य व तृणमूल कांग्रेस के अध्यक्ष ममता बनर्जी के बीच सिंगूर में टाटा मोटर्स के मामले में सहमति बनी।

2008  में कनाडा ने जोसेफ़ केरोन को भारत में अपना नया उच्चायुक्त नियुक्त किया।

2008  में खगोलविदों ने आकाश गंगा के बीचो बीच मौजूद विशालकाय ब्लैकहोल के भीतर साफ़-साफ़ देखने में सफलता पाप्त की।

2009   में सूखे को देखते हुए भारत के वित्त मंत्रालय ने ग़ैर योजना ख़र्च में 10% की कटौती के आदेश दिये।

2009  में भारत के पंकज आडवाणी ने विश्व पेशेवर बिलियडर्स का ख़िताब जीता।

2009   में 55वें राष्ट्रीय फ़िल्म पुरस्कार 2007 में सर्वश्रेष्ठ फ़िल्म का ख़िताब निर्देशक प्रियदर्शन की फ़िल्म 'कोजीवरम' को मिला।

2012  में दक्षिण-पश्चिम चीन में भूकंप से 64 लोग मारे गए और 715 घायल हो गये।

 

7 सितम्बर सन 1965 ईसवी को भारत - पाकिस्तान युद्ध में पाकिस्तानी सूत्रों के अनुसार पाकिस्तान की वायु सेना के हमले में भारत के 53 युद्धक विमान ध्वस्त हो गए जिससे भारतीय वायु सेना को भारी नुक़सान पहुंचा जबकि भारत का कहना है कि उसकी वायु सेना ने पाकिस्तान के 70 से अधिक विमानों को ध्वस्त कर दिया। इसी दिन इंडोनेशिया ने पाकिस्तान के भरपूर समर्थन की घोषणा की।

 

7 सितम्बर वर्ष 1707 ईसवी को फ़्रांस के प्रसिद्ध लेखक और प्रकृतिवादी जार्ज लुईस बूफ़ोन George Louis buffoan का जन्म हुआ। उन्होंने अपने जीवन का अधिकतर समय वैज्ञानिक शोध में व्यतीत किया और 24 खंडों पर आधारित प्राकृतिक इतिहास  नामक पुस्तक लिखी। इस पुस्तक में धरती, वनस्पतियों, जानवरों और पत्थरों के इतिहास के बारे में वैज्ञानिक सूचनाएं वर्णित हैं। बहुत ही सरल शैली में यह पुस्तक लिखी गयी है। वर्ष 1753 ईसवी में उन्हें फ़्रांस की वैज्ञानिक एकेडमी का सदस्य चुना गया और वर्ष 1778 ईसवी में उनका देहान्त हो गया।

 

7 सितम्बर 1822 ईसवी को ब्राज़ील ने पुर्तगाल के क़ब्ज़े से स्वतंत्रता प्राप्त की। आज का दिन ब्राज़ील का राष्ट्रीय दिवस है। पुर्तगाल ने 1494 ईसवी से ब्राज़ील पर क़बज़ा आरंभ किया।पुर्तग़ाल ने स्थानीय रेडइंडियन्स और अफ़्रीक़ा से लाखों अश्वेतों को ब्राज़ील में खेती में लगाया। 19वीं शताब्दी के आरंभ में जब पुर्तगाल पर नेपोलियन बोनापार्ट का अधिकार हुआ तो पुर्तगाली तानाशाह अपने परिवार के साथ ब्राज़ील भाग गये जो पुर्तगाल का उपनिवेश था। बोनापोर्ट की पराजय के बाद पुर्तगाली तानाशाह अपने देश लौट गये। किंतु उनके पुत्र ब्राज़ील में उनके उत्तराधिकारी के रुप में बने रहे। पुर्तग़ाल के तानाशाह के पुत्र ने चौदह साल बाद आज के दिन पुर्तगाल से ब्राज़ील की स्वाधीनता की घोषणा की और स्वयं को ब्राज़ील का नरेश घोषित किया। वर्ष 1889 में ब्राज़ील में लोकतंत्र की स्थापना हुई।

7 सितम्बर 1899 ईसवी को चीन में मुक्केबाजों का एक ऐतिहासिक आंदोलन आरंभ हुआ। यह मुक्केबाज़ चीन की सेना का भाग थे। इन्हें आई हू च्वान मुक्केबरज़ कहा जाता था। इन लोगों ने चीन के आंतरिक मामलों में जापान और पश्चिमी देशों के प्रतिदिन बढ़ते हस्तक्षेप के विरुद्ध आंदोलन छेड़ दिया और राजधानी बीजिंग में पश्चिमी देशों के दूतावासों पर क़ब्ज़ा कर लिया। वे चीन में योरोपीय प्रचारकों के पीछे पड़ गये। किंतु अमरीका, जापान और बड़े योरोपीय देशों की संयुक्त सेना ने इस आंदोलन को कुचल दिया और चीन सरकार इन देशों को भारी हर्जाना देने पर विवश हुई।

 

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17 शहरीवर सन 1357 हिजरी शम्सी को ईरान के अत्याचारी शासक के सैनिकों ने तेहरान में जनता के व्यापक प्रदर्शन पर भयानक आक्रमण किया। कई दिनों से लोग शाह के अत्याचारों के विरुद्ध भोर से ही प्रदर्शन कर रहे थे। इस बीच तेहरान में सैनिक शासन की घोषणा कर दी गयी थी किंतु लोगों ने इसकी ओर कोई ध्यान नहीं दिया और सड़कों पर सैनिकों तथा सैन्य उपकरणों की परवाह किए बिना शाह के अत्याचारों के विरुद्ध नारे लगाए।
अचानक शाह के सुरक्षा बलों ने फ़ायरिंग आरंभ कर दी और थोड़ी ही देर में 4 हज़ार नागरिकों को मौत के घाट उतार दिया और कई हज़ार लोगों को घायल कर दिया। वो दिन शुक्रवार का था उस दिन को रक्तरंजित शुक्रवार या शहीद दिवस कहा गया। 
इस आक्रमण का लक्ष्य लोगों को डराकर उनके विद्रोह को कुचलना था किंतु लोगों ने और भी उत्साह के साथ अपने प्रदर्शन जारी रखे। रक्तरंजित शुक्रवार के बारे में इमाम ख़ुमैनी ने अपने एक संदेश में लिखा था ईरान का चेहरा आज पुष्पित है, हर जगह उत्साह और साहस का दृष्य दिखाई पड़ रहा है। हॉ यही है अमीरुल मोमनीन अलैहिस्सलाम का मार्ग और शहीदों के सरदार इमाम हुसैन अलैहिस्सलाम का मार्ग। काश ख़ुमैनी भी तुम्हारे बीच होता और ईश्वर के मार्ग में शहीद होता। ईरानी राष्ट्र को आश्वस्त रहना चाहिए कि जल्दी या देरी से सफलता उसे मिलनी ही है।

 

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18 मोहर्रम सन 1323 हिजरी क़मरी को ईरान के विख्यात धर्मगुरु आयतुल्लाह शैख़ मोहम्मद हसन ममक़ानी का निधन हुआ। वे बड़े ही उदार और सदाचारी व्यक्ति समझे जाते थे। उन्हें इस्लामी विषयों विशेषकर उसूले फ़िक़ह का व्यापक ज्ञान था। उनका व्यक्तित्व ज्ञान के साथ ही आध्यात्मिक विशेषताओं से भी सुशोमित था। उसुले फ़िक़ह से संबंधित उन्होंने कई महत्वपूर्ण पुस्तकें लिखी हैं।