टेरीज़ा मेः परमाणु समझौते का ब्रिटेन पालन करेगा अमरीका भी करे
ब्रिटेन की प्रधानमंत्री टेरीज़ा मे ने कहा है कि उनका देश ईरान के साथ हुए परमाणु समझौते पर प्रतिबद्ध रहेगा और वाशिंग्टन को भी चाहिए कि वह भी अन्य यूरोपीय देशों के साथ इस समझौते का पालन करे।
ब्रितानी प्रधानमंत्री ने अमरीकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रम्प से टेलीफ़ोनी बातचीत में कहा कि परमाणु समझौते पर कटिबद्ध रहना बहुत ज़रूरी है और ब्रिटेन इसका पालन करता रहेगा।
ब्रिटेन के विदेश मंत्री बोरिस जान्सन ने भी मंगलवार को ट्वीट किया कि उन्होंने अपने ईरानी समकक्ष मुहम्मद जवाद ज़रीफ़ से बात की है और आश्वासन दिलाया है कि ब्रिटेन परमाणु समझौते पर प्रतिबद्ध रहेगा।
ट्रम्प ने ईरान के साथ किए गए परमाणु समझौते पर अमरीका के प्रतिबद्ध रहने के संबंध में शंका जताई है और कहा है कि वह ईरान के परमाणु कार्यक्रम को और भी सीमित कर देना चाहते हैं।
ट्रम्प ने इससे पहले कहा था कि यह अमरीका के इतिहास का सबसे बुरा समझौता है।
ज्ञात रहे कि परमाणु समझौते पर अमरीका और ब्रिटेन ने भी हस्ताक्षर किए हैं जबकि इस पर हस्ताक्षर करने वालों में ईरान, चीन, रूस, फ़्रांस और जर्मनी भी शामिल हैं, इसी तरह इस पर यूरोपीय संघ ने भी हस्ताक्षर किए थे। समझौते पर जुलाई 2015 में हस्ताक्षर हुए थे और जनवरी 2016 से इसे लागू किया गया।
जब से समझौता लागू किया गया है आईएईए ने कई बार इस बात की पुष्टि की है कि ईरान समझौते के तहत अपनी प्रतिबद्धताएं पूरी कर रहा है। ख़ुद ट्रम्प प्रशासन भी दो बार पुष्टि कर चुका है कि ईरान परमाणु समझौते का पालन कर रहा है।