अरब राष्ट्राध्यक्षों की बैठक, ईरान के विरुद्ध माहौल बनाने का प्रयास
इस्लामी गणतंत्र ईरान के विदेशमंत्रालय के प्रवक्ता ने चार पक्षीय अरब कमेटी के ईरान विरोधी घोषणापत्र को रद्द करते हुए कहा है कि उक्त घोषणापत्र जो अरब संघ के महासचिव की उपस्थिति में जारी हुआ है वह मनगढ़ंत और झूठ का पुलिंदा है।
अरब संघ के विदेशमंत्रियों ने गुरुवार की रात रियाज़ घोषणापत्र में दावा किया कि ईरान, अरब देशों के आंतरिक मामलों में हस्तक्षेप कर रहा है और यह कार्यवाही क्षेत्र की सुरक्षा और शांति के लिए ख़तरनाक है।
अरब संघ के विदेशमंत्रियों ने इसी प्रकार अपने घिसे पिटे दावे में ईरान के तीन द्वीपों तुंबू कूचिक, तुंबे बुज़ुर्ग और बू मूसा के बारे में संयुक्त अरब इमारात के दावे का भी समर्थन किया।
विदेशमंत्रालय के प्रवक्ता ने चार पक्षीय अरब कमेटी की ओर से जारी ईरान विरोधी बयान का कड़ाई से खंडन करते हुए इसे निराधार और अपमानजनक बताया और कहा कि भड़काऊ बयानों से क्षेत्रीय शांति और स्थिरता पर नकरात्मक प्रभाव पड़ेंगे।
इस्लामी गणतंत्र ईरान के विदेशमंत्रालय के प्रवक्ता ने इस घोषणापत्र में शत्रुतापूर्ण और ग़लत रवैया अपनाने की ओर संकेत करते हुए कहा कि खेद की बात है कि क्षेत्र के कुछ देश दुश्मनों जैसा बर्ताव करते हुए जानबूझकर मुसलमानों के दुश्मनों की इच्छाओं पर अमल करते हुए ईरान के विरुद्ध दुश्मनी और भ्रांतियां फैलाने में व्यस्त हैं।
सऊदी अरब सहित कुछ अरब देशों का ईरान विरोधी यह बयान एेसी स्थिति में है कि यह देश, फ़िलिस्तीनी उमंगों को भुला चुके हैं और विशेषकर सऊदी अरब ज़ायोनी शासन के साथ सांठगांठ में व्यस्त है। (AK)