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नेतनयाहू घर में हुए क़ैद, तेलअवीव में भारी हंगामा!
Jan २०, २०२४ १९:१६इस्राईली क़ैदियों के परिजनों ने ग़ज़्ज़ा युद्ध के ख़िलाफ़ और अपने रिश्तेदारों की रिहाई के लिए तेल अवीव में ज़ायोनी प्रधानमंत्री नेतनयाहू के घर के बाहर ज़ोरदार विरोध प्रदर्शन किया है।
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इस्राईली सैन्य अधिकारियों के बयान से तेलअवीव में मचा हड़कंप!
Jan १२, २०२४ ०६:१७फ़िलिस्तीनी सूत्रों ने सदिरुत के ज़ायोनी क्षेत्र पर सलाहुद्दीन बटालियन के मिसाइल हमले और ख़ान यूनिस के पूर्व में फ़िलिस्तीनी जियालों और ज़ायोनी सैनिकों के बीच भीषण झड़पों की सूचना दी है।
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इस्राईल सज़ा के लिए हो जाए तैयार, जनरल मूसवी की शहादत पर राष्ट्रपति रईसी का संदेश
Dec २६, २०२३ १०:३८इस्लामी गणराज्य ईरान के राष्ट्रपति ने सीरिया में ज़ायोनी शासन द्वारा की गई आतंकवादी कार्यवाही में आईआरजीसी के ब्रिगेडियर जनरल सैयद रज़ी मूसवी की शहादत पर शोक व्यक्त करते हुए इस्राईल को इस अपराध की सज़ा भुगतने के लिए तैयार रहने की चेतावनी दी है।
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तेलअवीव अपनी उलटी गिनती शुरु कर देः ईरानी विदेश मंत्री
Dec २६, २०२३ ०६:५६इस्लामी गणराज्य ईरान के विदेश मंत्री ने आईआरजीसी के वरिष्ठ कमांडर की शहादत के मौक़े पर दिए अपने शोक संदेश में अवैध आतंकी ज़ायोनी शासन को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा है कि तेलअवीव को अपनी उलटी गिनती शुरु कर देनी चाहिए।
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वीडियो रिपोर्टः क्या मिस्र आतंकी इस्राईल की मदद कर रहा है? रफ़ह क्रासिंग पर दम तोड़त ग़ज़्ज़ा के घायल बच्चे और महिलाएं
Dec २१, २०२३ ११:१४ग़ज़्ज़ा के ख़िलाफ़ मौजूदा युद्ध में,रफ़ह क्रॉसिंग को खुला रखने और ग़ज़्ज़ा पट्टी के पीड़ित लोगों की तकलीफ़ों को कम करने के बजाय,इसकी घेराबंदी की जा रही है। मिस्र सरकार, जिसका रफ़ह क्रॉसिंग पर पूरा नियंत्रण है, संयुक्त राज्य अमेरिका के आदेश पर और इस्राईल की सहमति से इसे बंद या खोलती है। वर्तमान युद्ध की शुरुआत के बाद से, मिस्र ने केवल एक हज़ार से भी कम घायलों को इलाज के लिए मिस्र ले जाने की अनुमति दी है। वह भी ऐसी स्थिति में कि घायलों की संख्या पचास हज़ार से भी ज़्यादा पहुंच चुकी है और उनमें ...
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ज़ुल्म करके ज़ालिम थक गया पर मज़लूमों का हौसला अभी भी बुलंद है, ज़ायोनी मीडिया का दावा थक चुका है इस्राईल!
Dec १८, २०२३ १३:२३हिब्रू भाषा के एक मीडिया ने ज़ायोनी सूत्रों के हवाले से बताया है कि तमाम दबावों के बावजूद, हमास बातचीत फिर से शुरू करने के संबंध में अपनी पूर्व शर्त पर ज़ोर दे रहा है।
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वीडियो रिपोर्टः हिज़्बुल्लाह की नई रिपोर्ट ने आतंकी इस्राईल की खोली पोल, 40 दिन में 509 बार प्रतिरोध के जियालों ने मारी मार!
Dec १७, २०२३ १६:३१हिज़्बुल्लाह ने एलान किया है कि 08 अक्टूबर से 14 दिसंबर के बीच उसने आतंकी इस्राईली के 58 ठिकानों, छावनियों और सैन्य बैरकों ख़िलाफ़ 509 ऑपरेशन किए हैं। जिसमें 209 ऑपरेशनों में ज़ायोनी शासन के सैन्य जमावड़े को निशाना बनाया गया है ... लेबनान के लोकप्रिय प्रतिरोध आंदोलन हिज़्बुल्लाह ने अपनी इस जवाबी कार्यवाही में 131 बार तोपखाने, 35 बार बर्कान मिसाइलें, 43 बार अन्य मिसाइलें, 20 बार सतह से हवा में मार करने वाली मिसाइल रक्षा प्रणाली, 9 बार आत्मघाती ड्रोन, 14 बार भारी हथियारों और 48 बार ...
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फेल होता इस्राईली तंत्र, मरने वाले आतंकी सैनिकों की संख्या नहीं छिपा पा रहा है तेलअवीव!
Dec १२, २०२३ ०५:४५पश्चिमी एशिया में मौजूद अवैध आतंकी इस्राईली शासन हर तरह के अत्याचारों और जघन्य अपराधों को अंजाम देने के बावजूद फ़िलिस्तीन के जियालों के हाथों ऐसा पिट रहा है कि अब उसकी चीख़ें निकलने लगी हैं। तेलअवीव जो ग़ज़्ज़ा युद्ध के आरंभ से ही मारे जाने वाले अपने सैनिकों की संख्या छिपाने की भरपूर कोशिश कर रहा था, लेकिन जिस तेज़ी से आतंकी इस्राईली सैनिक मारे जा रहे हैं अब उनकी संख्या को छिपाना ज़ायोनी शासन के हाथ में नहीं रह गया है।
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तेलअवीव में मचा हाहाकार, एक साथ 60 आतंकी इस्राईली सैनिक हुए ढेर, इस ऑप्रेशन के तरीक़े ने सबको किया हैरान!
Dec ०३, २०२३ १२:१२फ़िलिस्तीन के इस्लामी प्रतिरोध आंदोलन हमास की सैन्य शाखा अलक़स्सा ब्रिगेड के जियालों ने वह कर दिखाया है कि जिसके बारे में कोई सोच भी नहीं सकता था। हज़ारों बेगुनाह फ़िलिस्तीनी विशेषकर मासूम बच्चों के हत्यारे आतंकी इस्राईली सैनिकों को ऐसी मार मारी है कि जिसके दर्द की चीख़ न केवल तेलअवीव बल्कि व्हाइट हाउस में बैठे उसके आक़ाओं के भी मुंह से निकल आई है।
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ईरान और भारत के बीच दरार डालने वालों के लिए बुरी ख़बर, युद्ध की आग में रोटियां सेंकने वालों के टूटे सपने!
Nov २७, २०२३ १४:३५दुनिया भर में अशांति की आग भड़काने वाली शक्तियों का हमेशा यह प्रयास होता है कि वे इस अशांति की आग से जितना ज़्यादो हो सके लाभ उठा सके। यही हाल कुछ अवैध आतंकी इस्राईली शासन और फ़िलिस्तीन के लोकप्रिय जनांदोलन हमास के बीच ग़ज़्ज़ा में जारी युद्ध में भी देखा गया है। जहां इस्लामी गणराज्य ईरान समेत कुछ देश लगातार यह कोशिश कर रहे हैं कि ग़ज़्ज़ा में शांति स्थापित हो तो वहीं दुनिया की साम्राज्यवादी शक्तियां इस युद्ध की आग अधिक भड़काने के लिए हर स्तर को कोशिशें कर रही हैं।