यमन की स्थिति पर राष्ट्र संघ की चिंता
यमन के मामलों में संयुक्त राष्ट्र संघ के प्रतिनिधि ने इस देश की अनुचित स्थिति के बारे में गहरी चिंता व्यक्त की है।
इस्माईल वलद शैख़ ने कहा कि इस समय यमन की स्थिति अत्यंत जटिल है, इस देश की अर्थव्यवस्था व उसका आधारभूत ढांचा तबाह हो गया है, सामाजिक ढांचा तितर-बितर हो गया है और सभी को कुवैत में यमन की शांति वार्ता में एक नई खिड़की खुलने की प्रतीक्षा है। उन्होंने शांतिपूर्ण मार्ग को, संकट से निकलने का एकमात्र रास्ता बताया और कहा कि यमन संकट से निकलने के बारे में किसी भी प्रकार की सहमति, शांति समझौते के आधार होगी।
यमन के मामलों में संयुक्त राष्ट्र संघ के प्रतिनिधि ने कहा कि राजनैतिक समाधान, यमन में आशाओं में वृद्धि करेगा और इस देश के अधिकारी एकता व परामर्श के साथ अपने देश का निर्माण कर सकेंगे। ज्ञात रहे कि यमन की शांति वार्ता 20 अप्रैल से कुवैत में शुरू हुई है और सऊदी अरब समर्थित पक्ष के उल्लंघनों के कारण अबतक इसका कोई सकारात्मक परिणाम नहीं निकल सका है। (HN)