कराची में मानवाधिकार कार्यकर्ता की गोली मारकर हत्या
पाकिस्तान में चरमपंथ के प्रबल विरोधी कए मानवाधिकार कार्यकर्ता ख़ुर्रम ज़की की गोली मारकर हत्या कर दी गई।
पाकिस्तान के कराची महानगर में शनिवार रात को अज्ञात हमलावरों ने सोशल मीडिया पर अभियान चलाने वाले मानवाधिकार कार्यकर्ता ख़ुर्रम ज़की की गोली मारकर हत्या कर दी ।
कराची के सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट एसएसपी मुकदस हैदर ने बताया कि मोटरसाइकिल पर सवार चार संदिग्धों ने ख़ुर्रम ज़की को उस समय गोलियों से छलनी कर दिया जब वे एक रेस्तरां में रात का भोजन कर रहे थे। इस हमले में ज़की की मौत हो गई जबकि दो अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए।
पूर्व पत्रकार ज़की मानवाधिकारों के लिए सक्रिय रूप से काम कर रहे थे। वे एक वेबसाइट के संपादक और फेसबुक पृष्ठ 'लेट अस बिल्ड पाकिस्तान' से जुड़े हुए थे। वे इसके ज़रिए उदारवादी धार्मिक विचारों का प्रसार करते और सभी रूपों में चरमपंथ की निंदा किया करते थे।
ख़ुर्रम ज़की पिछली बार उस समय सुर्खियों में अए थे, जब उन्होंने जिब्रान नसीर के साथ मिलकर लाल मस्जिद के मौलवी, मौलाना अब्दुल अज़ीज़ के ख़िलाफ़ अभियान चलाया था। उन्होंने मौलाना पर शिया मुसलमानों के खिलाफ नफ़रत फैलाने का आरोप लगाया था।
ज्ञात रहे कि एक मानवाधिकार कार्यकर्ता सबीन महमूद ने भी लाल मस्जिद के मौलाना के विरुद्ध प्रदर्शन में हिस्सा लिया था, जिनकी कराची में गोली मार कर हत्या कर दी गई थी।