मोरक्को में फेरीवाले की मौत पर आक्रोश भड़का
-
30 अक्तूबर 2016 को मोरक्को के शहर हुसैमा में मछली बेचने वाले मोहसिन फ़िकरी की मौत के बाद प्रदर्शन की तस्वीर
मोरक्को में एक हफ़्ता पहले एक मछली बेचने वाले की कम्पैक्टर की चपेट में आने से हुयी मौत के बाद इस देश के उत्तरी तटवर्ती शहर हुसैमा में एक बार फिर जनता ने हज़ारों की संख्या में प्रदर्शन में भाग लिया।
मोहसिन फ़िकरी नामी मछली बेचने वाले की उस वक़्त पिस कर मौत हो गयी जब वह पुलिस की ओर से ज़ब्त की गयी अपनी स्वर्डफ़िश को कूड़ा इकट्ठा करने वाली गाड़ी से निकालने की कोशिश कर रहा था कि कूड़े को ठूसने वाला उकपरण सक्रिय हो गया और वह उसकी चपेट में आकर मर गया।
शनिवार को हुसैमा शहर के नागरिकों ने क़स्बे के केन्द्रीय स्कवाएर पर धरना देने से पहले कैन्डल लाइट मार्च निकालकर फ़िकरी की भयंकर मौत पर अपना आक्रोश जताया। फ़िकरी की 30 अक्तूबर 2016 को मौत हुयी।
इस घटना के बाद से हुसैमा और राजधानी रबात में प्रदर्शन की लहर शुरु हो गयी है जिसका चरम शनिवार को हुयी रैली में सामने आया। प्रदर्शन में शामिल जनता ने पुलिस को फ़िकरी की मौत के लिए दोषी ठहराया।
रविवार को राजधानी रबात में प्रदर्शन होने की प्रबल संभावना है।
ज्ञात रहे फ़िकरी की मौत दिसंबर 2010 में ट्यूनीशिया में उस फेरीवाले की मौत की तरह है जिसके बाद इस देश से कथित अरब बंसत की लहर शुरु हुयी थी और फिर इस लहर के नतीजे में इस देश के कई पड़ोसी देशों के तानाशाहों का तख़्ता उलट गया था। (MAQ/N)