रेडियो कार्यक्रम
  • क्या भारत की बहुलतावाद को ख़तरा है?

    क्या भारत की बहुलतावाद को ख़तरा है?

    Jul १४, २०१८ १०:४६

    क्या भारत की बहुलतावाद को ख़तरा है?

  • फ़ार्स खाड़ी के ईरानी द्वीप- 11

    फ़ार्स खाड़ी के ईरानी द्वीप- 11

    Jul १४, २०१८ ०९:५१

    कीश द्वीप का इमाम ख़ुमैनी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा, तेहरान के मेहराबाद और मशहद के हवाई अड्डों के बाद, देश का सबसे व्यस्त हवाई अड्डा है।

  • ईरानी संस्कृति और कला- 6

    ईरानी संस्कृति और कला- 6

    Jul १४, २०१८ ०९:०८

    वास्तुकला को अलग-अलग ढंग से परिभाषित किया गया है। 

  • देश की आंतरिक क्षमताओं पर भरोसा करते हुए ईरानी उत्पादों का समर्थन- 6

    देश की आंतरिक क्षमताओं पर भरोसा करते हुए ईरानी उत्पादों का समर्थन- 6

    Jul १४, २०१८ ०८:१४

    तेल, वर्तमान अर्थव्यवस्था का एक मूल स्तंभ है।

  • सृष्टि के रहस्य- 2

    सृष्टि के रहस्य- 2

    Jul १४, २०१८ ०७:२५

    दुनिया में बहुत से लोगों के सामने उनके जीवन में कई ऐसे प्रश्न आते हैं जिनका सामना अन्य लोगों को भी अपने जीवन में करना पड़ता है। 

  • मस्जिद और उपासना- 40

    मस्जिद और उपासना- 40

    Jul ११, २०१८ १०:५७

    कार्यक्रम में पहले मस्जिद के महत्व की चर्चा करने के बाद यज़्द की जामे मस्जिद के बारे में चर्चा की जाएगी। 

  • मस्जिद और उपासना- 39

    मस्जिद और उपासना- 39

    Jul ११, २०१८ १०:४०

    आपको याद होगा कि पिछले कार्यक्रम में हमने इस बात की ओर इशारा किया कि इस्लाम में राजनीति को पवित्र गतिविधि माना गया है जिसका लक्ष्य इस्लाम के उद्देश्य की प्राप्ति और मानव समाज में ईश्वरीय आदेश पर अमल को व्यवहारिक बनाना है और इस काम के लिए मस्जिद सबसे अच्छी जगह है।

  • वरिष्ठ नेता की दृष्टि में ईरान की शक्ति के महत्वपूर्ण तत्व

    वरिष्ठ नेता की दृष्टि में ईरान की शक्ति के महत्वपूर्ण तत्व

    Jul ११, २०१८ १०:०८

    इस्लामी क्रांति के वरिष्ठ नेता आयतुल्लाहिल उज़मा सैयद अली ख़़ामेनई ने हालिया दिनों में इमाम हुसैन कैडिट कॉलेज के दीक्षांत सामारोह में भाग लिया ।

  • बहाउद्दीन वल्द मुहम्मद बिन हुसैन ख़तीबी -3

    बहाउद्दीन वल्द मुहम्मद बिन हुसैन ख़तीबी -3

    Jul १०, २०१८ ११:०५

    बहा वलद छठी और सातवीं शताब्दी में ख़ुरासान के आत्मज्ञानियों, प्रवचनकर्ताओं और सूफ़ी धर्मगुरु तथा मशहूर ईरानी शायर व आत्मज्ञानी मौलाना जलालुद्दीन रूमी के पिता थे। बहा वलद के पिता हुसैन बिन अहमद ख़तीबी, अपने समय के बहुत बड़े विद्वान थे।