डाॅ हेमन्त कुमार
May ०७, २०१६ १५:१० Asia/Kolkata
तालाब हो या फिर कुआ खुदाओं।
तालाब हो या फिर कुआ
खुदाओं।
प्यासे को ठंडा सा पानी
पिलाओ
मगर जो बचे हे ये जल स्रोत
भू पर
उन्हें लुप्त होने से मिलकर
बचाओ।।
तालाब हो या फिर कुआ खुदाओं।
तालाब हो या फिर कुआ
खुदाओं।
प्यासे को ठंडा सा पानी
पिलाओ
मगर जो बचे हे ये जल स्रोत
भू पर
उन्हें लुप्त होने से मिलकर
बचाओ।।