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रूहानी और मोदी की मुलाक़ात
May २३, २०१६ १४:४४इस्लामी गणतंत्र ईरान के राष्ट्रपति और भारत के प्रधानमंत्री ने संयुक्त प्रेस कांफ़्रेंस में आपासी सहयोग में अधिक से अधिक विस्तार का संकल्प दोहराया है। दोनो नेताओं ने कहा है कि तेहरान व नई दिल्ली के संबंधों में विस्तार दोनों देशों के साथ ही पूरे क्षेत्र और एशिया के हित में है।
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ईरान और भारत के बीच 12 महत्वपूर्ण समझौते
May २३, २०१६ १०:२६ईरान और भारत के बीच विभिन्न क्षेत्रों में सहयोग के 12 सहमतिपत्रों पर हस्ताक्षर हुए।
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जेसीपीओए, संसार से ईरान के रचनात्मक सहयोग का एक भाग
May १५, २०१६ १६:३१राष्ट्रपति ने कहा है कि संयुक्त समग्र कार्य योजना, संसार के साथ रचनात्मक सहयोग और आर्थिक प्रगति के संबंध में सरकार की विदेश नीति का केवल एक भाग है।
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फ़िलिस्तीनियों का समर्थन करते रहेंगेः रूहानी
May ०५, २०१६ १३:५१राष्ट्रपति ने कहा है कि ईरान, फ़िलिस्तीनियों का समर्थन करता रहेगा।
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शिक्षा के बिना विकास संभव नहीं-रूहानी
May ०४, २०१६ ११:३८राष्ट्रपति डॉक्टर हसन रूहानी ने कहा है कि स्थाई विकास के लिए शिक्षा एवं प्रशिक्षण दोनों ही ज़रूरी हैं। उन्होंने कहा कि स्थायी व संतुलित विकास के लिए शिक्षा और प्रशिक्षा तथा पूंजिनिवेश को मज़बूत करना ज़रूरी है।
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आतंकवाद के विरुद्ध इस्लामी देशों की एकता पर बल
May ०३, २०१६ १७:५५राष्ट्रपति ने आतंकवाद से संघर्ष के लिए इस्लामी देशों की एकता की ज़रूरत पर बल दिया है।
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राष्ट्रपति रूहानी से अनेक देशों के नव नियुक्त राजदूतों ने मुलाक़ात की।
May ०३, २०१६ १५:३३राष्ट्रपति रूहानी ने तेहरान में कई देशों के नव नियुक्त राजदूतों के प्रत्यय-पत्र की प्राप्ति के अवसर पर दुनिया के सभी देशों के साथ संबंध में विस्तार को ईरान की विदेश नीति की प्राथमिकता बताया।
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दक्षिणी कोरिया और ईरान के राष्ट्रपतियों की संयुक्त प्रेस कान्फ्रेंस, 19 समझौतों पर हस्ताक्षर
May ०२, २०१६ २२:२१इस्लामी गणतंत्र ईरान के राष्ट्रपति ने कहा है कि ईरान व दक्षिण कोरिया के व्यापारिक संबंध ,मज़बूत स्ट्रेटजिक व्यापारिक रिश्ते में बदल जाएंगे।
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ईरान, प्रतिबद्धताओं के प्रति कटिबद्ध हैः रूहानी
May ०३, २०१६ १२:३२राष्ट्रपति रूहानी ने कहा है कि आज दुनिया को ईरान की ओर से प्रतिबद्धताओं के पालन का पूरा विश्वास है।
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वार्ता द्वारा बहुत बड़ी रुकावट हटा दी गयी
May ०१, २०१६ १०:५६इस्लामी गणतंत्र ईरान के राष्ट्रपति ने कहा है कि कूटनयिक प्रयासों से ईरानी राष्ट्र के सामने से एक बड़ी रुकावट हटा दी गई है और संयुक्त समग्र कार्य योजना ने राष्ट्र की प्रगति का मार्ग प्रशस्त कर दिया है।